दिल्ली के जंतर-मंतर पर पिछले 20 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक को दिल्ली पुलिस अस्पताल ले गई है। दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश पर आज सुबह दिल्ली पुलिस के जवान जंतर-मंतर पहुंचे, जहां से सोनम वांगचुक को एंबुलेंस में सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया है। जलदी ही अस्पताल की तरफ से सोनम वांगचुक की सेहत को लेकर मेडिकल बुलेटिन जारी होगा। अभी अस्पताल में सोनम वांगचुक का मेडिकल टेस्ट किया जा रहा है। सोनम वांगचुक की तबीयत लगातार बिगड़ रही थी। उनका वजन भी 9 किलो से ज्यादा घट गया था।
वांगचुक को अस्पताल ले जाए जाने के बाद प्रदर्शनकारी जंतर-मंतर पर लगातार नारेबाजी कर रहे हैं। दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर जाने वाले सभी रास्तों को सील कर दिया है। पुलिस ने पूरे इलाके में कई लेयर की बैरिकेडिंग की है। वांगचुक 28 जून से शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर थे।
दिल्ली पुलिस के अधिकारियों की हुई बैठक
नई दिल्ली डीसीपी ऑफिस में दिल्ली पुलिस अधिकारियों की चल रही बैठक खत्म हो गई है। स्पेशल सीपी लॉ एंड ऑर्डर देवेश चंद्र श्रीवास्तव ने दिल्ली पुलिस के अधिकारियों से सोनम वांगचुक को जंतर मंतर से सफदरजंग अस्पताल ले जाने और जंतर मंतर की मौजूदा स्थिति और लॉ एंड ऑर्डर की जानकारी ली। इस बैठक में स्पेशल लॉ एंड ऑर्डर देवेश चंद श्रीवास्तव, ज्वाइंट सीपी नई दिल्ली रेंज दीपक पुरोहित, नई दिल्ली जिले के डीसीपी सचिन शर्मा, नई दिल्ली जिले के एडिशनल डीसीपी आनंद मिश्रा, स्पेशल सेल के डीसीपी मनीषी चंद्रा, समेत कई आईपीएस अधिकारी मौजूद थे।
वांगचुक को अस्पताल शिफ्ट करने पर बोले प्रतापगढ़ी
कांग्रेस नेता इमरान प्रतापगढ़ी ने सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से सफदरजंग अस्पताल ले जाने की कार्रवाई की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि शनिवार सुबह वांगचुक को जिस तरीके से वहां से ले जाया गया, वह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण था। प्रतापगढ़ी ने कहा, ‘आज सुबह उन्हें वहां से उठाया गया और उनके साथ ऐसा व्यवहार किया गया, मानो वे कोई बड़े अपराधी हों। पुलिस ने पूरे इलाके को घेर लिया था। वहां कपड़े की आड़ लगा दी गई ताकि कोई यह न देख सके कि अंदर क्या हो रहा है। इसके बाद उन्हें जबरन वहां से ले जाया गया। यह पूरा घटनाक्रम बेहद पीड़ादायक और दुर्भाग्यपूर्ण है।’

