रांची सहित झारखंड के कई हिस्सों में 30 अगस्त तक बारिश का दौर जारी रहने का पूर्वानुमान है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र के प्रभाव से राज्य के अलग-अलग हिस्सों में भारी, मध्यम और हल्की बारिश होगी।
आज पलामू, गढ़वा, चतरा, लातेहार, हजारीबाग और कोडरमा में भारी बारिश की संभावना है। जिसे लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। रांची समेत अन्य जिलों में बादल छाये रहेंगे। कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। 28 अगस्त को चतरा, हजारीबाग, कोडरमा और गिरिडीह में भारी बारिश के साथ वज्रपात की चेतावनी है।
29 अगस्त को दुमका, देवघर, जामताड़ा, गिरिडीह, धनबाद, पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां में भारी बारिश की संभावना है। 30 और 31 अगस्त को मध्य तथा दक्षिण-पूर्वी झारखंड में भी भारी बारिश हो सकती है।
एक साथ तीन सिस्टम सक्रिय
मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद के अनुसार, इस समय तीन मौसम प्रणालियां एक साथ प्रभावी हैं, जिसके कारण झारखंड में बारिश हो रही है। दक्षिण उत्तर प्रदेश और उससे सटे उत्तर-पूर्व मध्य प्रदेश के ऊपर निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इसके साथ ही मानसून ट्रफ लाइन रांची और दीघा होते हुए सीधे बंगाल की खाड़ी तक गुजर रही है।
इसके अलावा मध्य प्रदेश से बंगाल की खाड़ी तक एक अन्य ट्रफ लाइन भी बनी हुई है। इन तीनों प्रणालियों के एक साथ सक्रिय रहने से राज्य में बारिश का प्रभाव बना हुआ है। मौसम विभाग की सैटेलाइट इमेज में भी पूरा झारखंड बादलों से घिरा दिखाई दे रहा है।
बुधवार को रांची में दिनभर घने बादल छाये रहे और छिटपुट बारिश हुई। सबसे अधिक बारिश जमशेदपुर में 65 मिमी दर्ज की गयी। बोकारो में 45 मिमी और रांची में दो मिमी बारिश रिकॉर्ड की गयी।
रक्षाबंधन पर भी बारिश की संभावना
रक्षाबंधन के दिन शुक्रवार को भी राज्य के कई हिस्सों में बारिश होने के आसार हैं। रांची में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। अगले दो दिनों में अधिकतम तापमान में करीब तीन डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है। इधर, बुधवार को ओरमांझी के गणेशपुर गांव में ठनका गिरने से 56 वर्षीय किसान रामदेव बेदिया की मौत हो गई। मौसम विभाग ने लोगों को बारिश और वज्रपात के दौरान सावधानी बरतने की सलाह दी है।
राज्य में अब भी 10% कम बारिश
अगस्त समाप्त होने में अब पांच दिन शेष हैं, लेकिन राज्य में मानसून का कोटा अब तक पूरा नहीं हुआ है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, एक जून से 26 अगस्त तक झारखंड में सामान्य बारिश 759.1 मिमी होनी चाहिए थी, जबकि अब तक 679.8 मिमी बारिश हुई है। इस तरह राज्य में बारिश सामान्य से 10 प्रतिशत कम है।

