सुखदेवनगर नगर थाना क्षेत्र के मुड़ला पहाड़ पर 18 अक्तूबर, 2019 को मिले अमित कुमार श्रीवास्तव के अधजला शव मामले में हत्या के आरोप में ट्रायल फेस कर रहे 3 आरोपी साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिए गए हैं. मामले में अभियोजन पक्ष आरोप सिद्ध कर पाया. अपर न्याययुक्त अमित शेखर की कोर्ट ने आरोपी रोहित खलखो, गणेश खलखो,और इंदवा तिर्की को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया. वही एक आरोपी सुभाष सेठ कोर्ट में उपस्थित नहीं हुआ. सुभाष सेठ की ओर से दायर रिप्रेजेंटेशन अर्जी को कोर्ट ने खारिज कर दिया. सीआरपीसी 313 के बयान दर्ज होने की तिथि में अनुपस्थित होने के कारण कोर्ट ने सुभाष सेठ के मामला को अलग कर दिया.
पुलिसिया खुलासे के मुताबिक अमित कुमार श्रीवास्तव ने अपने दो दोस्तों गणेश खलखो और रोहित खलखो को गोली मार देने की धमकी दी थी. इसी विवाद के कारण पांच आरोपियों ने मिलकर उसकी हत्या कर दी थी. बाद में शव की पहचान मिटाने के लिए उसे जला दिया गया था.
अमित 16 अक्तूबर, 2019 से अपने घर से लापता था. अमित के पिता अशोक कुमार श्रीवास्तव के बयान पर सुखदेवनगर थाना में सनहा दर्ज कराया गया था. 18 अक्तूबर को अधजला शव मिलने के बाद मामले में अज्ञात के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गयी थी. रातू के चटकपुर निवासी अशोक कुमार श्रीवास्तव का पुत्र अमित कुमार श्रीवास्तव चालक का काम करता था. जो सहदेवनगर थाना क्षेत्र के लक्ष्मीनगर में अपने मामा के घर में रहता था. उसकी दोस्ती जयप्रकाश नगर पहाड़ीटोला निवासी गणेश खलखो, पिस्कामोड़ के टंगराटोली निवासी इंदूवा तिर्की, हेहल मुड़ला पहाड़ के समीप रहने वाले रोहित तिर्की उर्फ रोहित कच्छप, रातू रोड बिड़ला मैदान के समीप रहने वाले सुभाष सेठ, पंडरा के सीसीएल कॉलोनी निवासी रवि गोप उर्फ बड़कू से थी.
पुलिसिया आरोप के मुताबिक 16 अक्तूबर, 2019 की दोपहर अमित के साथ पांचों आरोपी ने हेहल में एक जगह बैठ कर खाया-पिया था. उसी दौरान कुछ विवाद हुआ, तो अमित ने नशे में गणेश खलखो और रोहित तिर्की को गोली मारकर हत्या करने की धमकी दी. उनमें थोड़ी मारपीट भी हुई. अन्य दोस्तों ने मामले को संभाला और अमित ने माफी भी मांग ली. बाद में फिर वे लोग शराब पीये और घूमने के लिए मुड़ला पहाड़ पर चले गये. उस समय अंधेरा हो गया था. गणेश और रोहित ने धमकी के कारण उसके साथ मारपीट की और बाद में पत्थर से कूच कर उसकी हत्या कर दी.

