Close Menu
कोयलाचंल संवाद

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    9 मई को टैगोर जयंती पर BJP सरकार का शपथ ग्रहण! बंगाल में ऐतिहासिक जीत के बाद CM चेहरे पर सस्पेंस

    May 5, 2026

    रांची में ओवरलोड स्कूल वैन पर बड़ी कार्रवाई: DTO और ट्रैफिक DSP का सख्त अभियान, भारी जुर्माना

    May 5, 2026

    रांची में मौसम का कहर! तेज आंधी-बारिश से शहर पानी-पानी, 5° तक गिरा तापमान—ऑरेंज अलर्ट जारी

    May 5, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    • E-Paper
    • ताजा हिंदी खबरें
    • झारखंड
    • रांची
    Facebook X (Twitter) Instagram
    कोयलाचंल संवादकोयलाचंल संवाद
    Subscribe
    • कोयलांचल संवाद
    • झारखण्ड
    • बिहार
    • राष्ट्रीय
    • बिज़नेस
    • नौकरी
    • मनोरंजन
    • अंतरराष्ट्रीय
    • खेल
    • E-Paper
      • E-paper Dhanbad
      • E-Paper Ranchi
    कोयलाचंल संवाद
    Home»Breaking News»शिक्षा और शांति का अद्भुत संगम : रामगढ़ का चेटर गांव बना आदर्श मॉडल
    Breaking News

    शिक्षा और शांति का अद्भुत संगम : रामगढ़ का चेटर गांव बना आदर्श मॉडल

    AdminBy AdminAugust 26, 2025No Comments2 Mins Read
    WhatsApp Facebook Twitter Copy Link Pinterest Email
    Share
    WhatsApp Facebook Twitter Copy Link Pinterest Email

    रामगढ़। झारखंड का चेटर गांव शिक्षा, शांति और आपसी समझदारी के लिए देशभर में एक मिसाल बन गया है। रांची से लगभग 100 किमी दूर बसे इस गांव में हर घर से कोई न कोई शिक्षक, सरकारी कर्मचारी या फिर शोधार्थी (पीएचडी स्कॉलर) निकलता है। यही कारण है कि यहां शिक्षा का स्तर बेहद ऊँचा है और लोग मिलजुलकर बिना किसी विवाद के रहते हैं।

    हर घर में शिक्षक या सरकारी कर्मचारी

    गांव के हर तीसरे घर में कोई न कोई शिक्षक या सरकारी नौकरी में कार्यरत व्यक्ति है। यहां तक कि कई परिवारों से बच्चे सिविल सेवा और अन्य बड़ी परीक्षाओं में सफल होकर अधिकारी बन चुके हैं।

    ग्रामसभा में सुलझते हैं हर मसले

    गांव की सबसे बड़ी खासियत यह है कि कभी कोई विवाद थाना-पुलिस तक नहीं पहुंचा। सभी समस्याएं ग्रामसभा में बुजुर्गों और जिम्मेदार लोगों की मौजूदगी में सुलझा ली जाती हैं। यहां लिए गए फैसले को हर कोई सम्मानपूर्वक मानता है।

    शिक्षा और जागरूकता का परिणाम

    गांव में बच्चों को शिक्षा के प्रति खासा प्रेरित किया जाता है। यहां बाल मजदूरी शून्य है, सभी बच्चे स्कूल जाते हैं। उच्च विद्यालय में 12वीं तक की पढ़ाई की सुविधा उपलब्ध है। यही कारण है कि गांव का हर बच्चा शिक्षा के प्रति जागरूक है।

    धार्मिक सौहार्द की मिसाल

    गांव में मंदिर, मस्जिद और गिरजाघर सभी हैं, लेकिन कभी भी धार्मिक विवाद की स्थिति नहीं बनी। यहां सभी लोग सौहार्द और भाईचारे के साथ रहते हैं।

    खेती और स्वच्छता में भी आगे

    चेटर गांव के लोग खेती को भी महत्व देते हैं। धान, गन्ना और सब्जियों की खेती बड़े पैमाने पर होती है। ग्रामसभा बच्चों और युवाओं को साफ-सफाई के प्रति भी लगातार जागरूक करती है। इसके साथ ही सरकार की योजनाओं को लागू करने में भी ग्रामसभा सक्रिय रहती है।

    विदेशी यूनिवर्सिटी भी कर चुकी है अध्ययन

    चेटर गांव का यह मॉडल इतना लोकप्रिय हो चुका है कि इसे समझने के लिए विदेशी यूनिवर्सिटी के प्रतिनिधि भी यहां आ चुके हैं। वे यह जानने की कोशिश करते हैं कि आखिर यह गांव बिना किसी विवाद के, शिक्षा और समझदारी के बल पर इतनी शांति से कैसे रह रहा है।

    गांव के मुखिया की सोच

    गांव के मुखिया का कहना है –
    “शिक्षा ही शांति की असली कुंजी है। जब लोग पढ़े-लिखे होते हैं तो विवादों से दूरी रखते हैं और मिलजुलकर समाधान निकालते हैं।”

    Share. WhatsApp Facebook Twitter Email Copy Link
    Admin

    Related Posts

    9 मई को टैगोर जयंती पर BJP सरकार का शपथ ग्रहण! बंगाल में ऐतिहासिक जीत के बाद CM चेहरे पर सस्पेंस

    May 5, 2026

    रांची में ओवरलोड स्कूल वैन पर बड़ी कार्रवाई: DTO और ट्रैफिक DSP का सख्त अभियान, भारी जुर्माना

    May 5, 2026

    रांची में मौसम का कहर! तेज आंधी-बारिश से शहर पानी-पानी, 5° तक गिरा तापमान—ऑरेंज अलर्ट जारी

    May 5, 2026
    Add A Comment

    Comments are closed.

    Recent Posts
    • 9 मई को टैगोर जयंती पर BJP सरकार का शपथ ग्रहण! बंगाल में ऐतिहासिक जीत के बाद CM चेहरे पर सस्पेंस
    • रांची में ओवरलोड स्कूल वैन पर बड़ी कार्रवाई: DTO और ट्रैफिक DSP का सख्त अभियान, भारी जुर्माना
    • रांची में मौसम का कहर! तेज आंधी-बारिश से शहर पानी-पानी, 5° तक गिरा तापमान—ऑरेंज अलर्ट जारी
    • पहले सिर्फ नंदीग्राम से लड़ना चाहते थे शुभेंदु अधिकारी… फिर अमित शाह ने बनाया प्लान, भवानीपुर में ममता बनर्जी को दी मात!
    • विक्रमशिला सेतु टूटने के बाद बढ़ी मुश्किलें, गंगा पार करने के लिए मनमाना किराया वसूल रहे नाव संचालक
    • राज्य सरकार की नई पहल, पेंशनरों को मिलेगा स्वास्थ्य बीमा का लाभ
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest Vimeo YouTube
    • E-Paper
    • Content Policy Guidelines
    • Privacy Policy
    • Terms of Use
    © 2026 Koylanchal Samvad. Designed by Aliancy Technologies.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.