रांची: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने रविवार को खेलगांव स्थित टिकैत उमराव सिंह शूटिंग रेंज का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने शूटिंग रेंज की जर्जर आधारभूत संरचना, खिलाड़ियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं और सुरक्षा व्यवस्था का गहन जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने परिसर की बदहाल स्थिति पर कड़ी नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को आवश्यक सुधार कार्य जल्द शुरू करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने 10 मीटर, 25 मीटर और 50 मीटर शूटिंग रेंज का निरीक्षण किया तथा आधुनिक उपकरणों की उपलब्धता, खिलाड़ियों के प्रशिक्षण, सुरक्षा मानकों और रखरखाव की स्थिति की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। निरीक्षण के दौरान खेल मंत्री सुदिव्य कुमार भी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शूटिंग रेंज के समग्र आधुनिकीकरण के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर समयबद्ध तरीके से उसे लागू किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि खिलाड़ियों को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए और प्रशिक्षण के लिए सभी आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं।
उन्होंने कहा कि झारखंड खेल प्रतिभाओं की भूमि है और राज्य के खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। ऐसे में सरकार की जिम्मेदारी है कि उन्हें आधुनिक प्रशिक्षण, बेहतर खेल अवसंरचना और अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। मुख्यमंत्री ने ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों से आने वाले प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को भी समान अवसर देने पर जोर दिया।

हेमंत सोरेन ने कहा कि खेल केवल प्रतियोगिता तक सीमित नहीं है, बल्कि युवाओं में अनुशासन, आत्मविश्वास और व्यक्तित्व विकास का महत्वपूर्ण माध्यम भी है। उन्होंने अधिकारियों को राज्य में खेलों के विकास के लिए दीर्घकालिक और प्रभावी रणनीति के तहत कार्य करने का निर्देश दिया ताकि झारखंड के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन कर सकें।
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने शूटिंग रेंज के उपकरणों के रखरखाव और आवश्यक मरम्मत के निर्देश भी दिए। उन्होंने स्वयं शूटिंग राइफल से निशाना लगाकर सुविधाओं का अनुभव लिया तथा वहां अभ्यास कर रहे खिलाड़ियों से बातचीत कर उनकी समस्याओं और जरूरतों की जानकारी भी प्राप्त की।
मुख्यमंत्री ने परिसर में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की भी समीक्षा की। उन्होंने फायर एक्सटिंग्विशर और फायर हाइड्रेंट से संबंधित मॉक ड्रिल नियमित रूप से कराने, सीसीटीवी निगरानी व्यवस्था को दुरुस्त रखने तथा सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान मुख्य सचिव अविनाश कुमार, खेलकूद विभाग के सचिव मुकेश कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

