रांची। राज्य की महत्वाकांक्षी स्वास्थ्य परियोजना RIMS-2 को लेकर प्रभावित क्षेत्र के ग्रामीणों में असंतोष बढ़ता जा रहा है। बुधवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्र हुए और परियोजना के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद की। उनका कहना है कि विकास के नाम पर उनकी जमीन और भविष्य से जुड़े फैसले बिना उनकी राय लिए नहीं किए जाने चाहिए।
ग्रामीणों ने साफ कहा कि वे अस्पताल और स्वास्थ्य सुविधाओं के विरोधी नहीं हैं, लेकिन उनकी मांग है कि किसी भी परियोजना को लागू करने से पहले स्थानीय लोगों को विश्वास में लिया जाए।
“पहले संवाद, फिर निर्णय”
आंदोलन में शामिल लोगों का कहना है कि सरकार को सबसे पहले प्रभावित परिवारों के साथ बैठक करनी चाहिए। ग्रामीणों का आरोप है कि अब तक उन्हें परियोजना की पूरी जानकारी नहीं दी गई है और न ही संभावित प्रभावों के बारे में स्पष्ट रूप से बताया गया है।
ग्रामीण नेताओं ने कहा कि अगर सरकार वास्तव में विकास चाहती है तो उसे जनता के साथ संवाद स्थापित करना होगा। केवल प्रशासनिक आदेशों से लोगों की चिंताओं को खत्म नहीं किया जा सकता।
जमीन ही ग्रामीणों की पहचान और आजीविका
ग्रामीणों का कहना है कि उनकी जमीन सिर्फ संपत्ति नहीं बल्कि उनकी आजीविका और पहचान का आधार है। खेती-किसानी और उससे जुड़े रोजगार पर निर्भर परिवारों के सामने भविष्य को लेकर चिंता बढ़ गई है।
उनका कहना है कि यदि जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया आगे बढ़ती है तो सरकार को पुनर्वास, मुआवजा और रोजगार जैसे मुद्दों पर स्पष्ट नीति सामने रखनी चाहिए।
शांतिपूर्ण आंदोलन का लिया संकल्प
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने कहा कि उनका आंदोलन पूरी तरह लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण रहेगा। उन्होंने सरकार को चेतावनी देने के लिए जनजागरण अभियान, रैली और धरना जैसे कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय लिया है।
ग्रामीणों का कहना है कि वे किसी भी प्रकार की हिंसा या कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वाले कदम का समर्थन नहीं करते। उनका उद्देश्य केवल अपनी बात सरकार तक पहुंचाना है।
RIMS-2 परियोजना पर बढ़ सकती है राजनीतिक बहस
RIMS-2 परियोजना को लेकर शुरू हुआ विरोध आने वाले दिनों में राजनीतिक मुद्दा भी बन सकता है। स्थानीय संगठनों और ग्रामीणों के सक्रिय होने के बाद सरकार पर संवाद और समाधान का दबाव बढ़ सकता है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यदि समय रहते सरकार और प्रभावित लोगों के बीच बातचीत नहीं होती है तो यह आंदोलन और व्यापक रूप ले सकता है।

