झारखंड की राजनीति और प्रशासनिक व्यवस्था में एक बड़ा बदलाव सामने आया है। राज्य सरकार ने वरिष्ठ अधिवक्ता रोहिताश्य रॉय को झारखंड का नया एडवोकेट जनरल (AG) नियुक्त किया है। यह नियुक्ति पूर्व एडवोकेट जनरल राजीव रंजन के इस्तीफे के बाद की गई है।
सरकार के विधि विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, यह नियुक्ति राज्यपाल के आदेश से भारतीय संविधान के अनुच्छेद 165 के तहत की गई है।
क्यों हुआ बदलाव?
सूत्रों के अनुसार, पूर्व एडवोकेट जनरल राजीव रंजन ने व्यक्तिगत कारणों से अपना इस्तीफा दे दिया, जिसे तुरंत प्रभाव से स्वीकार कर लिया गया।
इसके बाद राज्य सरकार ने तेज़ी से नए AG की नियुक्ति करते हुए रोहिताश्य रॉय पर भरोसा जताया।
कौन हैं रोहिताश्य रॉय?
रोहिताश्य रॉय झारखंड हाईकोर्ट, रांची में प्रैक्टिस करने वाले एक अनुभवी अधिवक्ता हैं।
उनकी पहचान एक कानूनी मामलों के जानकार और सक्रिय वकील के रूप में रही है।
उनकी प्रोफाइल की खास बातें:
झारखंड हाईकोर्ट में नियमित प्रैक्टिस
सिविल, कॉर्पोरेट और कंज्यूमर मामलों में अनुभव
कई महत्वपूर्ण मामलों में राज्य और निजी पक्षों की पैरवी
न्यायिक प्रक्रिया की गहरी समझ
ई-कोर्ट्स के रिकॉर्ड के अनुसार, उन्होंने सिविल, क्रिमिनल और पब्लिक इंटरेस्ट लिटिगेशन (PIL) जैसे मामलों में भी पैरवी की है।
एडवोकेट जनरल का पद क्या होता है?
एडवोकेट जनरल किसी भी राज्य का सबसे बड़ा कानूनी अधिकारी होता है।
मुख्य जिम्मेदारियां:
- राज्य सरकार को कानूनी सलाह देना
- हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में सरकार का पक्ष रखना
- संवैधानिक और महत्वपूर्ण मामलों में प्रतिनिधित्व करना

