NEET-UG Re-Test : नीट-यूजी परीक्षा को लेकर चल रहे विवाद के बीच सुप्रीम कोर्ट से बड़ी खबर आई है. इस साल होने वाली नीट-यूजी की री-टेस्ट परीक्षा पुराने ‘पेन-पेपर मोड’ (ओएमआर शीट) से ही आयोजित की जाएगी. सुप्रीम कोर्ट ने उस याचिका को खारिज कर दिया है, जिसमें परीक्षा को तुरंत कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (CBT) यानी ऑनलाइन कराने की मांग की गई थी.
अगले साल से बदल सकता है पैटर्न
हालांकि, नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने कोर्ट में हलफनामा देकर साफ किया है कि वह अगले साल से नीट परीक्षा को कंप्यूटर बेस्ड मॉडल पर ले जाने की पूरी तैयारी कर रही है.
दिग्गजों ने दायर की थी याचिका
इस साल परीक्षा को पूरी तरह सुरक्षित और लीक-प्रूफ बनाने के लिए आरजेडी सांसद सुधाकर सिंह, सामाजिक कार्यकर्ता अनुभव गर्ग, आईएमए के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ. ध्रुव चौहान और राजनीतिक नेता हरिशरण देवगन ने सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका (Writ Petition) दायर की थी. याचिकाकर्ताओं का कहना था कि पेपर लीक जैसी घटनाओं को रोकने के लिए तुरंत सीबीटी फ्रेमवर्क लागू किया जाए.

